होम लोन गाइड: भारत में घर खरीदने से पहले क्या जानना जरूरी है
घर खरीदना हर भारतीय का सपना होता है और अधिकांश लोगों के लिए होम लोन इस सपने को पूरा करने का सबसे व्यावहारिक तरीका है। भारत में SBI, HDFC, ICICI, बैंक ऑफ बड़ौदा समेत कई बैंक और हाउसिंग फाइनेंस कंपनियाँ प्रतिस्पर्धी दरों पर होम लोन प्रदान करती हैं। वर्तमान में होम लोन की ब्याज दरें लगभग 8.25% से 9.5% वार्षिक के बीच हैं।
होम लोन की पात्रता
बैंक आपकी पात्रता कई कारकों के आधार पर तय करते हैं: मासिक आय, आयु, रोजगार का प्रकार (नौकरी या व्यवसाय), CIBIL स्कोर (750+ आदर्श), मौजूदा लोन और EMI, तथा संपत्ति का मूल्य। सामान्यतः बैंक संपत्ति के मूल्य का 75-90% तक लोन देते हैं — शेष राशि आपको डाउन पेमेंट के रूप में देनी होती है।
फिक्स्ड बनाम फ्लोटिंग ब्याज दर
फिक्स्ड दर: पूरी अवधि में EMI समान रहती है। यह स्थिरता चाहने वालों के लिए अच्छी है। फ्लोटिंग दर: RBI की रेपो दर और बैंक के MCLR/EBLR से जुड़ी होती है और समय-समय पर बदल सकती है। आमतौर पर फ्लोटिंग दर शुरुआत में कम होती है। लंबी अवधि के लोन (20+ वर्ष) के लिए फ्लोटिंग दर अक्सर फायदेमंद होती है।
सरकारी योजनाओं का लाभ
प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत पहली बार घर खरीदने वालों को ब्याज पर सब्सिडी मिल सकती है। इसके अलावा, होम लोन पर आयकर अधिनियम की धारा 24(b) के तहत ₹2 लाख तक ब्याज पर और धारा 80C के तहत ₹1.5 लाख तक मूलधन भुगतान पर कर छूट मिलती है। हमारे मॉर्टगेज कैलकुलेटर से अपनी EMI और कुल लागत का अनुमान लगाएँ।
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